what is normal forms in hindi

नार्मल फॉम्र्स (Normal Forms)

Normalization) का परिणाम ओरिजिनल रिलेशन डेटाबेस (Original Relation Database)

सन (Decomposition) अर्थात् विघटन होता है। किसी भी रिलेशनल डेटाबेस (Relational Database) जिशन (Decomposition) अर्थात् विघटन हमेशा ही कुछ सिद्धांतों (Principles) यथा फंक्शनल डिपेन्डेन्सीज़

Dependencies) के आधार पर किया जाना आवश्यक होता है, जो यह सुनिश्चित करता है कि आवश्यकता सिटित रिलेशन्स (Decomposed Relations) से ओरिजिनल रिलेशन डेटाबेस (Original Relation/Database) को पनः कन्सट्रक्ट (Reconstruct) किया जा सकता है।

किसी रिलेशनल डेटाबेस (Relational Database) को डिज़ाइन (Design) करने के लिए फंक्शनल डिपेन्डेन्सीज़ Finctional Dependencies) के दिए गए एक सेट (Set) का प्रयोग किया जा सकता है, ताकि उस डेटाबेस में कोई श्री अवांछित प्रॉपर्टी (Undesirable Properties) शामिल न हो। फंक्शनल डिपेन्डेन्सीज़ (Functional Dependencies) का प्रयोग कर ऐसे अनेक नॉर्मल फॉर्स (Normal Forms) को परिभाषित किया जा सकता है, जो एक अच्छे डेटाबेस डिज़ाइन (Good Database Design) को रिप्रेजेन्ट (Represent) करते हैं।

(कॉड (Codd) ने सन् 1972 में तीन नॉर्मल फॉर्स (Normal Forms) को प्रस्तुत (Introduce) किया, जो फर्ट नॉर्मल फॉर्म (First Normal Form-1NF), सेकण्ड नॉर्मल फॉर्म (Second Normal Form-2NF) और थर्ड नॉर्मल फॉर्म (Third Normal Form-3NF) के नाम से जाने जाते हैं।

इसके पश्चात् ब्यॉस (Boyce) एवं कॉड (Codd) ने संयुक्त रूप से एक अन्य फॉर्म (Form) को प्रस्तुत किया, जिसे ब्यॉस-कॉड नॉर्मल फॉर्म (Boyce Codd Normal Form—BCNF) के नाम से जाना जाता है। 1NE 2NE, 3NF एवं BCNF फंक्शनल डिपेन्डेन्सी (Functional Dependency) पर आधारित हैं। इसके पश्चात् फोर्थ नॉर्मल फॉर्म (Fourth Normal Form_4NF) एवं फिफ्थ नॉर्मल फॉर्म (Fifth Normal Form-5NF) को प्रस्तावित किया गया, जो मल्टीवैल्यू (Multivalue) एवं ज्वॉइन डिपेन्डेन्सी (Join Dependency) पर आधारित है।

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